STORYMIRROR

युक्ति वाद निज जीवन नि:स्वार्थ भावों संस्कारित जन बीजडालाधरतीमेंनन्हापौधाउगआयाहाथमिलानेमानवसेकैसाखिलखिलाया। आप ही है जरूरत दीपकप्रकाशसार्थक न्यायपूर्ण मात्रा योगक्षेम अनियंत्रित विष सम नारी तत्परता प्यार प्रकृति अल्कोहल भाई बहन धाय मां पन्ना बदले में कृष्ण मुरारी

Hindi सम द्रष्टा Quotes